قُلْ أَعُوذُ بِرَبِّ ٱلنَّاسِ
(ऐ रसूल) तुम कह दो मैं लोगों के परवरदिगार
अनुवाद: Suhel Farooq Khan and Saifur Rahman Nadwi
قُلْ أَعُوذُ بِرَبِّ ٱلنَّاسِ
(ऐ रसूल) तुम कह दो मैं लोगों के परवरदिगार
مَلِكِ ٱلنَّاسِ
लोगों के बादशाह
إِلَٰهِ ٱلنَّاسِ
लोगों के माबूद की (शैतानी)
مِن شَرِّ ٱلْوَسْوَاسِ ٱلْخَنَّاسِ
वसवसे की बुराई से पनाह माँगता हूँ
ٱلَّذِى يُوَسْوِسُ فِى صُدُورِ ٱلنَّاسِ
जो (ख़ुदा के नाम से) पीछे हट जाता है जो लोगों के दिलों में वसवसे डाला करता है
مِنَ ٱلْجِنَّةِ وَٱلنَّاسِ
जिन्नात में से ख्वाह आदमियों में से